पूर्णिमा से शुरू हुआ श्राद्ध पक्ष, सर्वपितृ अमावस्या के साथ होगा समापन; तिथि क्षय के बावजूद 16 दिनों तक चलेगा पितृपक्ष
पूर्णिमा से शुरू हुआ श्राद्ध पक्ष, सर्वपितृ अमावस्या के साथ होगा समापन; तिथि क्षय के बावजूद 16 दिनों तक चलेगा पितृपक्ष
पूर्वजों के प्रति श्रद्धा, तर्पण और स्मरण का पर्व पितृपक्ष शनिवार को पूर्णिमा तिथि के साथ शुरू हो गया। इस बार पितृपक्ष का समापन सर्वपितृ अमावस्या के दिन शनिवार, 10 अक्टूबर को होगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस अवधि में लोग अपने दिवंगत परिजनों के लिए श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान करते हैं।
इस बार पंचांग में तिथि क्षय की स्थिति होने के बावजूद पितृपक्ष 16 दिनों का रहेगा। एक दिन दो तिथियां पड़ने की स्थिति में दोनों तिथियों के श्राद्ध अलग-अलग निर्धारित समय में किए जा सकते हैं। ऐसे में श्राद्ध की तिथि तय करते समय केवल वार या तारीख ही नहीं, बल्कि उस दिन प्रभावी तिथि और उसके कालखंड को भी ध्यान में रखना जरूरी होगा।
धार्मिक परंपरा में श्राद्ध कर्म के लिए कुतप काल और अपराह्न काल को विशेष महत्व दिया गया है। इसी आधार पर अलग-अलग तिथियों के श्राद्ध का समय निर्धारित किया जाता है। पंचमी और अष्टमी जैसी तिथियों के क्षय को लेकर अलग-अलग पंचांगों में गणना का अंतर हो सकता है। इसलिए परिवारों को अपनी परंपरा और स्थानीय पंचांग के अनुसार श्राद्ध का समय निर्धारित करने की सलाह दी जाती है। इस बार पितृपक्ष के दौरान बुधादित्य योग और त्रिफलादश योग बनने की बात भी कही जा रही है।
पितृपक्ष को आम तौर पर मांगलिक कार्यों के लिए अनुकूल अवधि नहीं माना जाता। हालांकि, दैनिक जरूरत की वस्तुओं की खरीदारी पर सामान्य रूप से कोई पूर्ण प्रतिबंध नहीं होता। आवश्यकता के अनुसार उपयोगी सामान खरीदा जा सकता है, जबकि विवाह और अन्य मांगलिक कार्यों को लेकर परिवार अपनी धार्मिक परंपराओं और मान्यताओं का पालन करते हैं।
पितृपक्ष के दौरान प्रत्येक तिथि का अपना विशेष महत्व माना जाता है। धार्मिक परंपरा के अनुसार, जिस तिथि को किसी परिजन का निधन हुआ हो, उसी तिथि पर उनका श्राद्ध और तर्पण करने का विधान है। 2026 में भी अलग-अलग तिथियों के अनुसार श्राद्ध कर्म किए जाएंगे और सर्वपितृ अमावस्या के साथ इस विशेष अवधि का समापन होगा।
Like
Dislike
Love
Angry
Sad
Funny
Wow
पंजाब : सभी पुलिस थानों व सरकारी स्थानों पर मौजूद लावारिस वाहन 30 दिन के भीतर हटाने के आदेश
January 18, 2026
Comments 0